- प्रदेशाध्यक्ष को भ्रमित किया
सिरसा जिले में डबवाली भाजपा जिलाध्यक्ष रेणू शर्मा द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी करने के बाद बीजेपी नेता टिशू प्रधान खुलकर सामने आए और आरोप लगाए कि जिलाध्यक्ष ने उनके घर पर एसएचओ को भेजा था और बताया कि मंच पर उसके लिए चेयर नहीं है। नीचे बैठना होगा। वरना कार्यक्रम में न आने की नसीहत दी। यहीं नहीं प्रदेशाध्यक्ष को भ्रमित करके कार्यक्रम पर आने नहीं दिया। उनको गांव के रास्ते होकर दूसरे रूट से ले जाया गया।
बीजेपी नेता टिशू प्रधान ने ये भी आरोप लगाया कि प्रदेशाध्यक्ष अर्चना गुप्ता के दौरे से पहले जिलाध्यक्ष रेणू शर्मा नगर पालिका कालांवाली के चेयरमैन महेश कुमार झोरड़ से मिलने उनके पास गई थी। महेश झोरड़ को प्रदेशाध्यक्ष का स्वागत करने को कहा तो उसने ऐसा करने से मना कर दिया। इसकी पोस्ट भी वायरल हुई। जिससे बीजेपी वर्करों को झटका लगा है। चूंकि, महेश झोरड़ कांग्रेस समर्थित हैं और उसके खिलाफ मैंने बीजेपी की टिकट पर चुनाव लड़ा था।
टिशू प्रधान ने बताया, जब मैंने कालांवाली से चुनाव लड़ा तो उसके बाद वहां के लोग छोटे-छोटे काम के लिए मेरे पास आने लगे। उनके काम होने लगे। उन्होंने कहा कि जिलाध्यक्ष को टिूश प्रधान की बढ़ती लोकप्रियता देखकर लगने लगा कि कालांवाली हलका से दोबारा चुनाव लड़ना चाहता है और ये आगे जाकर रोड़ा बनेगा।
वहीं, इन आरोपों पर डबवाली जिलाध्यक्ष रेणू शर्मा ने बताया, मैं इतना ही कहना चाहूंगी कि कई बार आदमी पहले कुछ भी बोल देता है। मगर बाद में वह अपनी बात पर नहीं आता और बोल कुछ भी देता है।
जानिए टिशू प्रधान ने क्या बताया
कोई पार्टी विरोधी कार्य नहीं किया
बीजेपी नेता टिशू प्रधान ने बातचीत में बताया, मैंने कोई पार्टी विरोधी कार्य नहीं किया है। प्रदेशाध्यक्ष अर्चना गुप्ता का कालांवाली में प्रोग्राम था। मैंने नगर पालिका चेयरमैन पद पर पार्टी की ओर से चुनाव लड़ा था। पार्टी से चुनाव लड़ा, खर्चा लगाया और स्पोर्ट मिला। मुझे ही इस कार्यक्रम का निमंत्रण नहीं था। इसी कारण ये पोस्ट शेयर की थी।
आरोप लगाए कि कार्यक्रम से पहले मेरे पास थाना एसएचओ आए और कहा, आपकी मंच के ऊपर कुर्सी नहीं लगी है। नीचे ही बैठना होगा। किसी तरह का विवााद न हो। जिलाध्यक्ष को अहंकार है या ऐसा लगता है कि भारतीय जनता पार्टी के वर्कर की ऊपर सुनवाई नहीं होगी।
कार्यलय में रखा था कार्यक्रम
टिशू बोले, इसलिए मैं कार्यक्रम नहीं गया और ओढा स्थित कार्यालय पर कार्यक्रम रखा था, जिसमें कालांवाली के पूर्व चेयरमैन बीजेपी नेता पुनीत जिदंल, राजकुमार जिंदल एवं अग्रवाल समाज कार्यकर्ता की ओर से प्रदेशाध्यक्ष को सम्मानित करना था।
इसके लिए प्रदेशाध्यक्ष को पहले मीटिंग के दौरान अवगत करवाया था। मगर जिलाध्यक्ष रेणू शर्मा उनको गांव के रास्ते होकर सिरसा ले गई। यहां ओढा मेन रोड होकर नहीं आने दिया। सभी को दरकिनार किया गया।
अग्रवाल समाज से सम्मानित करने वाला कोई नहीं था
टिशू प्रधान ने बताया, प्रदेशाध्यक्ष अर्चना गुप्ता के सोशल मीडिया पर एक पोस्ट डाली हुई है कि डबवाली में अग्रवाल समाज की ओर से उनको सम्मानित किया गया। मगर उनमें से कोई भी अग्रवाल समाज से नहीं था। प्रदेशाध्यक्ष के कार्यालय में न आने पर उनको दुख हुआ और अग्रवाल समाज ने भी नाराजगी जताई।
तीन दिन पहले दौरा था सिरसा में, तब से गुटबाजी बढ़ी
डबवाली में मंगलवार को प्रदेशाध्यक्ष अर्चना गुप्ता दौरे पर थी। कालांवाली, डबवाली व सिरसा में वर्करों से मिली और संगठन पर चर्चा की। उसके बाद पहले डबवाली जिलाध्यक्ष रेणू शर्मा ने दो बीजेपी नेताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। इस पर टिशू प्रधान ने जवाब देते हुए कई आरोप लगाए।
