• दीपेंद्र हुड्डा ने धान खरीद पर BJP को घेरा,सोनीपत में कांग्रेस का कार्यकर्ता सम्मेलन

सोनीपत जिले के बरोदा हलके स्थित मुंडलाना गांव में आयोजित कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन में रोहतक से लोकसभा सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने शिरकत की। सम्मेलन को संबोधित करते हुए दीपेंद्र हुड्डा ने प्रदेश सरकार और विपक्षी दलों पर जमकर तीखे प्रहार किए।

उन्होंने धान की सरकारी खरीद और किसानों को मिल रहे दामों पर बीजेपी सरकार को घेरा, तो वहीं नूंह में रैली करने पर INLD सुप्रीमो अभय सिंह चौटाला पर तंज कसा। साथ ही सांसद हुड्डा ने वोट चोरी और SIR (Special Intensive Revision) के मुद्दे पर चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए।

धान खरीद में किसानों को नुकसान का दावा

​दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने धान की खरीद व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार ने पिछले साल चुनाव से ठीक पहले PR धान का सरकारी भाव 2400 रुपए प्रति क्विंटल घोषित किया था। हालांकि, जमीनी स्तर पर किसानों को यह भाव नहीं मिल पा रहा है और उन्हें अपनी फसल 1800 से 2250 रुपये प्रति क्विंटल के कम दामों पर बेचने को मजबूर होना पड़ रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि धान के दामों में सरकार ने नाममात्र 25 से 30 रुपए की बढ़ोतरी की है। जिससे किसानों को प्रति क्विंटल 250 से 300 रुपए का सीधा नुकसान उठाना पड़ रहा है।

​INLD की रैली पर पलटवार

INLD सुप्रीमो अभय सिंह चौटाला द्वारा नूंह में की गई रैली और कांग्रेस पर साधे गए निशाने पर दीपेंद्र हुड्डा ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अभय चौटाला को अपनी ऊर्जा उन क्षेत्रों में लगानी चाहिए जहां उनकी पार्टी का जनाधार पूरी तरह खिसक चुका है।

हुड्डा ने ऐलनाबाद और सिरसा में INLD की मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा कि अपनी मजबूत जमीन वाले इलाकों को छोड़कर दूसरी जगह रैली करने से जनाधार वापस नहीं लौटता।

SIR-वोट चोरी के मुद्दे पर उठाए सवाल

​वोट चोरी और SIR (विशेष गहन पुनरीक्षण) के गंभीर आरोपों पर सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने चुनाव आयोग की भूमिका को कटघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि शुरुआती दौर में कांग्रेस इन मुद्दों को प्रमुखता से उठा रही थी, लेकिन अब तो मामले से जुड़े ठोस आरोप और तथ्य सभी के सामने आ चुके हैं।

हुड्डा ने चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि संवैधानिक संस्थाओं को निष्पक्षता से काम करना चाहिए, न कि किसी के दबाव में।