- आंदोलन का समर्थन किया
करनाल में शहीद चंद्रशेखर आजाद की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में बादली से कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स ने केंद्र और हरियाणा की बीजेपी सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे युवाओं के आंदोलन का समर्थन करते हुए प्रदर्शनकारियों पर हुए कथित लाठीचार्ज और दुर्व्यवहार की निंदा की।
वत्स ने कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों की आवाज को दबाना गलत है और सरकार को युवाओं की मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए। कुलदीप वत्स ने कार्यक्रम में शहीद चंद्रशेखर आजाद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि देश आज जिन शहीदों के बलिदान की बदौलत आजाद है, उन्हीं के कारण हर नागरिक खुली हवा में सांस ले रहा है। उन्होंने युवाओं से शहीदों के आदर्शों पर चलने का आह्वान भी किया।
भरत तिवारी मामले में पुलिस पर सवाल
विधायक कुलदीप वत्स ने भरत तिवारी मामले को उठाते हुए पुलिस कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि भरत तिवारी का फर्जी एनकाउंटर कर हत्या की गई। वत्स ने कहा कि भरत तिवारी गरीबों, दलितों, किसानों और मजदूरों की आवाज थे। उन्होंने बताया कि कांग्रेस ने “न्याय की लौ” नाम से एक संकल्प लिया है, जिसके तहत इस मामले में न्याय की लड़ाई लड़ी जाएगी। उन्होंने इसे सिर्फ हरियाणा ही नहीं, बल्कि पूरे देश का मुद्दा बताया।
जंतर-मंतर आंदोलन और शिक्षामंत्री पर सवाल
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे युवा आंदोलन को लेकर कुलदीप वत्स ने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है। उन्होंने आरोप लगाया कि जो सरकार “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” का नारा देती है, वही आंदोलन कर रही बहनों और बेटियों पर लाठियां चलवा रही है।
शिक्षा मंत्री को इस्तीफा मांगना अपराध नहीं
वत्स ने कहा कि यदि युवा शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं तो इसमें कोई अपराध नहीं है। उन्होंने आंदोलन कर रहे युवाओं के जज्बे की तुलना भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव और चंद्रशेखर आजाद से करते हुए कहा कि वे अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
पेपर लीक पर धीरेंद्र शास्त्री के बयान का समर्थन
पेपर लीक के मुद्दे पर कुलदीप वत्स ने धार्मिक वक्ता धीरेंद्र शास्त्री के बयान से सहमति जताई। उन्होंने कहा कि गरीब परिवार बड़ी मुश्किल से अपने बच्चों को पढ़ाते हैं, लेकिन पेपर लीक होने से उनके सपने टूट जाते हैं। वत्स ने कहा कि इस समस्या को गंभीरता से लेकर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
संसद गतिरोध और बीजेपी नेताओं की भाषा पर निशाना
संसद में जारी गतिरोध को लेकर विधायक ने केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि जनता का पैसा बर्बाद हो रहा है और सरकार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा बचाने में लगी हुई है।
वहीं, पूर्व कृषि मंत्री ओपी धनखड़ के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए वत्स ने कहा कि सत्ता के अहंकार में बीजेपी नेताओं की भाषा मर्यादा की सीमाएं पार कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि देश में लोकतंत्र की जगह “लठतंत्र” चल रहा है और सरकार जनता की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है।
