•  बोलीं- प्रदेश में कानून की धज्जियां उड़ रही

सिरसा की सांसद कुमारी सैलजा रविवार को करनाल के घरौंडा पहुंचीं। यहां पहुंचने पर उन्होंने कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए हरियाणा की कानून व्यवस्था, हांसी और अंबाला में हुए घटनाक्रम, पुलिस कार्रवाई, करनाल में हुए एनकाउंटर, जेन-जी के विरोध प्रदर्शनों और भाजपा-आरएसएस की विचारधारा को लेकर सरकार पर जमकर निशाना साधा।

सैलजा ने कहा कि प्रदेश में अपराध बढ़ रहा है और आम जनता की शिकायतों का समाधान बातचीत से करने की बजाय उन पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं।

बोलीं- अपराधियों पर शिकंजा कसने की बजाय प्रदर्शनकारियों पर हो रही कार्रवाई

सांसद कुमारी सैलजा ने कहा कि हांसी में जिस तरह के हालात बने, वह कानून व्यवस्था पर बड़ा सवाल है। उन्होंने कहा कि जब कोई गरीब व्यक्ति अपराधी के हाथों मारा जाता है और परिवार न्याय की गुहार लगाता है तो सरकार की जिम्मेदारी है कि अपराधी को पकड़े।

मुख्यमंत्री के हांसी दौरे का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के पहुंचने से पहले ही अपराधियों की गिरफ्तारी हो जानी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि लोग न्याय की मांग को लेकर धरना देने पहुंचे तो पुलिस के साथ टकराव की स्थिति बनी।

पुलिस ही प्रदर्शनकारियों पर पत्थरबाजी कर रही और उनकी तरफ बंदूक तान रही है। सैलजा ने किया कि सरकार शांति चाहती है या हालात को और बिगाड़ रही है।

अंबाला की घटना को लेकर भी सरकार को घेरा

सैलजा ने अंबाला के घटनाक्रम को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि बातचीत चलने की बात कही जा रही थी, लेकिन दूसरी तरफ आंसू गैस के गोले छोड़े गए और प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज हुआ।

उन्होंने आरोप लगाया कि बड़ी संख्या में गरीब परिवारों से जुड़े लोगों को गिरफ्तार किया गया और सैकड़ों लोगों पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं। सैलजा ने सवाल उठाया कि अगर सरकार बातचीत से समाधान चाहती है तो ऐसी कार्रवाई क्यों की जा रही है। उन्होंने स्कूल और गुरुद्वारा परिसर में आंसू गैस के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल खड़े किए।

पुलिस व्यवस्था पर भी उठाए सवाल

सैलजा ने पुलिस के बीच कथित खींचतान का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसा लग रहा है कि पुलिस और प्रशासन के बीच सही तालमेल नहीं है। उन्होंने सवाल किया कि अगर पुलिस के अधिकारियों के बीच ही हथियारों को लेकर खींचतान की स्थिति बन रही है तो प्रदेश की कानून व्यवस्था किस दिशा में जा रही है।

करनाल में वाल्मीकि समाज के युवक बीरू की हत्या और उसके बाद हुए दो एनकाउंटर का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष के विधायक भी एनकाउंटर पर सवाल उठा रहे हैं। जब पुलिस की कार्रवाई पर सत्ता पक्ष के लोग ही सवाल उठाएं तो इससे पुलिस की निष्पक्षता और सरकार की कार्यप्रणाली को लेकर लोगों के मन में सवाल पैदा होना स्वाभाविक है।

जेन-जी सवाल करती है, सरकार को जवाब देना होगा

दिल्ली के विरोध प्रदर्शन के बाद राजनीतिक दलों द्वारा जेन-जी पर फोकस किए जाने के सवाल पर सैलजा ने कहा कि युवाओं से डरने की बात नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आज का युवा सोशल मीडिया के माध्यम से जागरूक है और वह सवाल पूछता है। जब युवा सवाल करेगा तो सरकार को जवाब देना ही होगा।

सैलजा ने कहा कि लोकतंत्र में मीडिया, विपक्ष और सरकार सभी की अपनी जिम्मेदारी है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष के नेताओं को संसद में बोलने का मौका नहीं दिया जाता और कई बार नेताओं के माइक बंद कर दिए जाते हैं। उन्होंने कहा कि अगर सदन में आवाज नहीं उठाने दी जाएगी तो कांग्रेस जनता के बीच जाकर उनकी आवाज उठाएगी।

पेपर लीक और युवाओं के मुद्दे पर सरकार को घेरा

सैलजा ने कहा कि युवाओं के सामने रोजगार और पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दे हैं। यदि सरकार किसी वर्ग या युवा का विश्वास खो देती है तो सरकार से सवाल होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि सरकार को केवल अपनी बात रखने के बजाय जनता की बात भी सुननी चाहिए।

भाजपा-आरएसएस पर बांटने की राजनीति का लगाया आरोप

भाजपा और आरएसएस की विचारधारा पर हमला करते हुए सैलजा ने आरोप लगाया कि चुनाव के समय धर्म और जाति के नाम पर समाज को बांटने की राजनीति की जाती है। उन्होंने कहा कि अब भाजपा के अंदर से भी सवाल उठने लगे हैं।

राव इंद्रजीत सिंह द्वारा सार्वजनिक मंच से भाजपा की जातीय राजनीति पर सवाल उठाए जाने के संबंध में सैलजा ने कहा कि जब पार्टी के अंदर का कोई वरिष्ठ नेता सार्वजनिक मंच पर ऐसी बात उठाता है तो इसे गंभीरता से देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इससे संकेत मिलता है कि भाजपा के अंदर सब कुछ ठीक नहीं चल रहा।

प्रधानमंत्री की जिम्मेदारी भी बनती है

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लार्जर दैन लाइफ छवि का जिक्र करते हुए सैलजा ने कहा कि प्रधानमंत्री जिस तरह सरकार और पार्टी का चेहरा हैं, ऐसे में देश में बने हालात को लेकर उनकी जिम्मेदारी भी बनती है। उन्होंने कहा कि भाजपा को अब आईना देखने की जरूरत है और जनता के विश्वास को लेकर गंभीरता से सोचना होगा।