- पब्लिक से उनको आती है बदबू, परमवीर का पलटवार- ये उनकी बौखलाहट
पूर्व पंचायत मंत्री देवेंद्र सिंह बबली ने कहा कि फतेहाबाद जिले के टोहाना से कांग्रेस विधायक परमवीर सिंह हलके और परिवार पर बोझ हैं। वे टोहाना में नजर ही नहीं आते, वो तो पब्लिक डीलिंग के लोग ही नहीं है। पब्लिक से उनको बदबू आती है। उन्होंने और उनके परिवार ने 35 साल तक टोहाना पर राज किया, तब उन्होंने क्या किया, उनमें दम नहीं था कि हमें हरा सके।
हमारे अपने मजबूती से काम कर लेते, तो शायद गलती नहीं होती और हम जीत जाते। देवेंद्र बबली एक सोशल मीडिया चैनल पर राजनीतिक चर्चा कर रहे थे। बता दें कि, साल 2024 में देवेंद्र बबली ने टोहाना से बीजेपी, जबकि परमवीर सिंह ने कांग्रेस की टिकट पर चुनाव लड़ा।
परमवीर सिंह ने देवेंद्र बबली को 10 हजार 836 वोटों से हराया था। वहीं, उनके इस बयान पर पूर्व कृषि मंत्री एवं टोहाना विधायक परमवीर सिंह ने पलटवार करते हुए सिर्फ इतना ही कहा कि यह उनकी बौखलाहट है।
10 साल में कभी लोगों के सुख-दुख में नहीं आए
बबली ने परमवीर सिंह पर आक्रमक रुख अपनाते हुए कहा कि वह हलके में दस साल में कभी नहीं आया। दस साल मंत्री थे, कभी कोई डेवलपमेंट का काम नहीं किया। उन्हें मुख्यमंत्री के बराबर ताकत मिली हुई थी। उनको हुड्डा साहब बहुत इज्जत देते थे। मगर वह हलके के लिए क्या लेकर आए।
सिर्फ अपनी संतोख कॉलोनी पास करवा कर लाया। 10 साल में किसी के सुख दुख में भी शामिल नहीं हुए सोशल सेवा उनके कर्मों में ही नहीं है। उनसे कोई उम्मीद भी नहीं लगाता, राजनीति उन्होंने सत्ता सुख के लिए की है। राजनीति में रहने का उनका मकसद यही है कि उनके पूर्वजों ने जमीन के टुकड़े के लिए जो कुकर्म किए हुए हैं, उनकी ढाल बने रहे।
लोगों को अछूत मानते हैं, हाथ भी नहीं मिलाते
बबली ने परमवीर सिंह को लेकर कहा कि इनकी मानसिकता में शहर का विकास था ही नहीं। ये किसी से हाथ भी नहीं मिलाते। हाथ मिला लें, तो सैनेटाइजर से हाथ होते हैं। लोगों ने सैनेटाइजर अब कोरोना में देखा था, लेकिन ये तो 15-20 साल से इस्तेमाल करते हैं। इतना लोगों को अछूत मानते हैं।
लोगों की मानसिकता है, क्योंकि हमने गुलामी बहुत लंबे समय तक देख ली। 200 साल अंग्रेजों ने राज किया, उससे पहले मुगलों का राज रहा। उस मानसिकता से टोहाना के लोगों को बाहर निकालने की मैंने कोशिश की थी, निकाल भी लिया था। मगर दोबारा से लोग वहां जाकर क्यों खड़े हो गए, मुझे समझ नहीं आया।
तीन बार परमवीर-देवेंद्र ने खिलाफ लड़े चुनाव
टोहाना से देवेंद्र बबली और परमवीर सिंह ने तीन बार एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ा है। इनमें से दो बार देवेंद्र बबली आगे रहे हैं। साल 2014 में परमवीर सिंह कांग्रेस से जबकि देवेंद्र बबली निर्दलीय मैदान में उतरे। इस चुनाव में बबली तीसरे नंबर पर रहे जबकि परमवीर चौथे नंबर पर रहे।
साल 2019 में परमवीर ने कांग्रेस से जबकि देवेंद्र बबली ने जेजेपी से चुनाव लड़ा। इस चुनाव में देवेंद्र बबली एक लाख से ज्यादा वोट लेकर जीते। परमवीर सिंह तीसरे नंबर पर रहे। साल 2024 में कांग्रेस के परमवीर सिंह ने बीजेपी के देवेंद्र बबली को 10,836 से हराया।
