- नेता-विधायकों को प्रदर्शन की लेनी होगी अनुमति
हरियाणा कांग्रेस में गुटबाजी खत्म करने को संगठन ठोस फैसला लेने जा रहा है। इसे लेकर जिलाध्यक्षों की मीटिंग में निर्णय हुआ है। सीधे तौर पर राहुल गांधी की एंट्री हो गई है। अब जिले की कमान पार्टी जिलाध्यक्ष ही संभालेंगे। जिला स्तर पर पार्टी से हर कार्यक्रम की जिम्मेदारी जिलाध्यक्ष की होगी। अगर कोई संगठन से बाहर चलेगा या काम नहीं करेगा, उस पर संगठन एक्शन लेगा।
सभी जिलाध्यक्षों को कल शुक्रवार को करनाल में बुलाया गया था और प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह व प्रदेश प्रभारी बीके हरिप्रसाद ने मीटिंग ली थी। उसमें सभी जिलाध्यक्षों ने अपने विवार रखे और समस्याओं से अवगत करवाया। तब ये फैसला लिया गया। हिसार व सिरसा में संगठन को लेकर खास चर्चा हुई।
सिरसा में यूथ कांग्रेस, महिला कांग्रेस व विधायकों के अलग-अलग प्रदर्शन से जिलाध्यक्ष ने अवगत कराया और कहा, संगठन से कोई चर्चा नहीं थी और खुद अपने स्तर पर कर रहे हैं।
प्रदेश अध्यक्ष ने दिया आश्वासन
प्रदेशाध्यक्ष राव नरेंद्र ने आश्वासन दिया है कि आगे से ऐसा नहीं होगा। जो भी कांग्रेस के बैनर तले जिला स्तर पर प्रदर्शन करेंगे, वो जिलाध्यक्ष की अनुमति से होंगे। पहले जिलाध्यक्ष से अनुमति लेनी होगी और उसके बाद ही प्रदर्शन या आंदोलन किया जाएगा। ये भी कहा कि यह आदेश नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के हैं।
अगर कोई इन आदेशों को नहीं मानेंगे, तो एक्शन लेंगे। जो पार्टी कार्यक्रम या संगठन के अनुसार काम नहीं करेगा, उसकी रिपोर्ट जिलाध्यक्ष संगठन को करेंगे।
विधायकों में चल रही थी खींचतान
पार्टी में लगातार पिछले कुछ दिनों से नेताओं व विधायकों में खींचतान व गुटबाजी चल रही थी। इसी गुटबाजी के चलते प्रदर्शन भी अलग-अलग किए। कुछ नेताओं की आपस में कंट्रोवर्सी भी चली। पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह व सिरसा विधायक गोकुल सेतिया में भी एक-दूसरे पर बयानबाजी से विवाद चला था। ऐसे में संगठन ये सब चीजें दूर करने को यह कदम उठा रहा है।
हाल ही में हिसार में किसी प्रदर्शन के लिए नेताओं ने सीधे प्रदेशाध्यक्ष से अनुमति मांगी थी, उसके लिए उनको जवाब दिया कि पहले जिलाध्यक्ष से मिले और इसके बाद वह संगठन को पत्राचार करेंगे।
हर कार्य की जानकारी देना अनिवार्य
जिलाध्यक्ष के अनुसार, ग्रामीण आंचल में पंचायत और एसआईआर को लेकर पार्टी की ओर से बीएलओ की नई कमेटियां बनी है, उनको भी यह आदेश जारी होंगे। बीएलओ की जो मीटिंग या प्रशिक्षण शिविर लगेगा, उसकी जानकारी जिलाध्यक्ष को देनी होगी। पार्टी कार्यक्रम के लिए संगठन से अनुमति लेने को प्रदेशाध्यक्ष ने आदेश पहले ही जारी कर दिया था।
अब जिलाध्यक्ष की अनुमति लेना अनिवार्य या हर कार्य की रिपोर्ट करने के लिए नया आदेश जल्द जारी हो जाएगा।
कोई जिलाध्यक्ष नहीं बदलेगा- संतोष बैनिवाल
जिलाध्यक्ष संतोष बैनिवाल ने बताया, मीटिंग में कई विषयों पर चर्चा हुई है। किसी भी जिलाध्यक्ष को हटाने की सूचना को पार्टी प्रदेशाध्यक्ष ने खारिज कर दिया है और कहा, ऐसी कोई गाइडलाइन नहीं है। कोई भी नेता या वर्कर पार्टी के कार्यक्रम करेगा। उस बारे में पहले जिलाध्यक्ष को अवगत कराना होगा।
यदि कोई काम नहीं करेगा, तो उसकी रिपोर्ट प्रदेशाध्यक्ष को दी जाएगी। इसके लिए राहुल गांधी स्वयं लेटर जारी करेंगे। उन्होंने ही जिलाध्यक्षों की नियुक्त की है।
