- रामपाल माजरा बोले- कैथल घोटालों की धरती, दोषियों पर हो कार्रवाई
कैथल नगर परिषद में प्रॉपर्टी टैक्स व डेवेलपमेंट चार्ज को लेकर छिड़े विवाद में अब इंडियन नेशनल लोकदल भी सरकार के खिलाफ हो गई है। इनेलो के प्रदेशाध्यक्ष रामपाल माजरा ने मामले के उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
इस संबंध में माजरा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। वीडियो में उन्होंने कैथल की धरती को घोटालों की धरती करार दिया है।
बोले- पहले भी हो चुके घोटाले
माजरा ने कहा कि कैथल की धरती घोटालों के लिए जानी जाती है। पहले सफाई घोटाला हुआ, तालाब खुदाई घोटाला हुआ और ब्लॉक समिति व जिला परिषद में घोटाले हुए। अब नगर परिषद की भी परतें खुल रही हैं। प्रॉपर्टी आईडी बनाने के नाम पर करोड़ों रुपए निगल गए।
भाजपा दिखावा करती है कि पारदर्शी सरकार चला रहे हैं, लेकिन धान घोटाला, शराब घोटाला, रजिस्ट्री और पेपर लीक घोटाला हुआ है। इनके राज में आईडीएफसी का 590 करोड़ का घोटाला, पंचकूला में कार्पोरेशन का 160 करोड़ का घोटाला, 1500 करोड़ का श्रमचिप घोटाला हुआ है।
भाजपा को बताया दलालों की पार्टी
उन्होंने कहा कि भाजपा के कारण रोहतक में अमृत योजना का 400 करोड़ रुपए का घोटाला हुआ। फरीदाबाद म्यूनिसिपल कार्पोरेशन का 200 करोड़ का घोटाला हुआ। आज चारों और भाजपा के घोटालों की गूंज है। यह दलालों की पार्टी है। श्रमचिप घोटाला भी मंत्री अनिल विज ने उजागर किया था, लेकिन उसमें कोई कार्रवाई नहीं हुई।
हाई लेवल जांच की मांग
मामले पर बोलते हुए माजरा ने कहा कि भले ही कैथल नगर परिषद के घोटाले को चेयरपर्सन ने उजागर किया है, लेकिन उनकी मेज के नीचे ही ये सब हो रहा है। जो भी निर्माण कार्य हो रहे हैं, उन सब में यही हो रहा है। कैथल में चारों ओर घोटालों की गूंज है। नगर परिषद कैथल भी इससे अछूता नहीं रहा है। इसकी जांच हाई लेवल पर होनी चाहिए।
जानिए पूरा मामला
बता दें कि भाजपा की चेयरपर्सन सुरभि गर्ग ने आरोप लगाया था कि नगर परिषद की एडमिन आईडी के जरिए प्रॉपर्टी टैक्स पोर्टल में गड़बड़ी की जा रही है। उनका दावा था कि 25 मई को उन्हें इस संबंध में दो शिकायतें मिली थीं, जिन्हें उन्होंने डीएमसी, निकाय मंत्री विपुल गोयल और मुख्यमंत्री को भेजा।
उन्होंने आरोप लगाया था कि कई मामलों में लाखों रुपए के डेवलपमेंट चार्ज को पोर्टल पर घटाकर हजारों रुपए दिखाया जाता है और शेष राशि की बंदरबांट की जाती है। साथ ही उन्होंने कहा था कि जांच के बाद दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई कराई जाएगी। दूसरी ओर नगर परिषद के ईओ ने इन आरोपों को नकारते हुए कहा था कि शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
इस संबंध में नगर परिषद के ईओ संदीप सोलंकी ने कहा कि मामले की जांच के लिए कमेटी गठित की गई है। पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी और उसी आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
