• संतोष बोलीं- किसी ने स्पोर्ट नहीं किया

सिरसा कांग्रेस पार्टी संगठन में गुटबाजी की तस्वीर बिलकुल अलग हो गई है। हैरानी की बात है कि एक तरफ हुड्‌डा-सैलजा गुट जिलाध्यक्ष से किनारा कर एक हो गया है और दूसरी तरफ जिलाध्यक्ष संतोष बैनिवाल ने सांसद कुमारी सैलजा के खिलाफ ही मोर्चा खोल दिया है।

कांग्रेस के तीनों विधायक और वरिष्ठ नेता एक साथ मिल गए हैं और जिलाध्यक्ष ने पूर्व मंत्री बीरेंद्र सिंह के साथ मिलकर अलग से जिला स्तरीय वर्करों की मीटिंग बुलाई है। लगातार हलकों का दौर जारी है।

जिलाध्यक्ष संतोष बैनिवाल ने वर्करों से मंच से संबोधन में कहा, आज एक बात और कहूंगी। चाहे किसी नेता को बुरा लगे। आज ये बात स्पष्ट करके जाऊंगी कि कुछ लोगों के अंदर बहम है। संतोष बैनिवाल को जिलाध्यक्ष सांसद सैलजा मैडम ने बना दिया। आज मैं ये आपके सामने क्लीयर करती हूं, सैलजा मैडम ने नहीं बनाया।

मुझे जिलाध्यक्ष बनाने वाले राहुल-खड़गे

मेरे को जिलाध्यक्ष बनाने वाले हैं तो वे राहुल और खड़गे है। किसी ने मेरी स्पोर्ट नहीं करी। ये क्लीयर है। अगर कोई आपके बीच में आकर ये बात कहे तो मेरे को वहीं पर बुला लेना। सुबूत समेत उनके सामने रख दूंगी। यह बयान उन्होंने मंगलवार को रानियां हलके में वर्करों के साथ मीटिंग में दिया। वहीं, इस बारे में सांसद कुमारी सैलजा से संपर्क किया गया, तो उनका कोई जवाब नहीं आया है।

सैलजा और हुड्डा गुट एक है

संतोष ने बताया, आज मैं कांग्रेस के लिए काम करती हूं तो उन लोगों को दु:ख है। आपने देखा, अलग-अलग गुट में बंटे हुए हैं। उन गुटों में से कोई आया है क्या यहां पे? जब से मैं जिलाध्यक्ष बनी हूं। मेरा मकसद क्या था? मेरा मकसद ये था कि कांग्रेस एक करूं। आज मैं बधाई देना चाहूंगी कि सैलजा और हुड्डा गुट एक है।

इसी कड़ी में आपको जोड़ना चाहती हूं। हम सब साथी पद की छोड़ों, आपको जरूरत हो तो मैं आपको जिलाध्यक्ष का पद देने को तैयार हूं। बिना संकोच मन से मुझे ले लेना।

मान-सम्मान शीर्ष समाज को मिलना चाहिए

संतोष बैनिवाल ने कहा, एक बात और कहना चाहूंगी। जब जिलाध्यक्ष की बात आई थी और इतनी बात खड़ी हो गई कि मैं उस लाइन में नहीं थी। सच है ये। मैंने एक लास्ट बात कही थी कि जिलाध्यक्ष बनाओ तो सरदार देखकर बना देना। इनको मत बना देना। ये बात मैंने उनके बीच में रखी थी, क्योंकि जो मान-सम्मान शीर्ष समाज को मिलना चाहिए, वो नहीं मिला है।

उसके लिए भी प्रदेश के मंच पर आवाज उठाने का काम मैं करती हूं। इसी मजबूती के साथ मैं आगे बढ़ना चाहती हूं।

कुछ धुरंधर है, उन्हें मुंहतोड़ जवाब देना पड़ेगा

संतोष बोली, 9 तारीख को हमने जिला स्तर पर सिरसा में प्रोग्राम रखा है। इसलिए रखा है कि कुछ धुरंधर है, जिन्होंने ये कहा था कि कांग्रेस के अंदर जिलाध्यक्ष अकेली है। उन लोगों को मुंहतोड़ जवाब किसको देना है, वो आपको देना है। मेरा विश्वास आप हो और आपके लिए खड़ी हूं। उस मीटिंग में सब पहुंचे। उस मीटिंग में पूर्व मंवी चौ. बीरेंद्र सिंह और पूर्व सांसद बृजेंद्र सिंह भी पहुंच रहे हैं।

कहा- संतोष एक नेता के पीछे नहीं भागती

संतोष बोली, जो भी नेता आए और वो ये मत सोचना कि संतोष एक नेता के पीछे भागती है। मैं किसी नेता के पीछे नहीं भागती। आपके मन में भी नेता बसा हो, तो आप मुझे याद करना। मैं उस नेता का स्वागत करने आऊंगी। जो भी कांग्रेस के झंडे के साथ आएगा, उसका साथ दूंगी।

ये हकीकत है किसी ने स्पोर्ट नहीं किया- संतोष

जिलाध्यक्ष संतोष बैनिवाल ने दैनिक भास्कर एप की टीम को बताया, ये हकीकत है कि किसी ने स्पोर्ट नहीं किया। हर किसी की जुबां पर है कि आपको तो सैलजा मैडम ने जिलाध्यक्ष बना दिया, हमें तो कुछ नहीं मिलता। उनसे कहा कि ये बात मुझे मत कहो, मैं तो संघर्ष करके बनी हूं। कुछ लोग मैडम सैलजा से इस बात से भी नाराज है कि संतोष को क्यों बना दिया।

उनका बहम निकालने के लिए स्पष्ट किया है कि ना मैडम ने बनाया तो फिर क्यों नाराज है। मुझे तो राहुल-खड़गे ने बनाया है। जनता की आवाज थी तो मैं बन गई।

अब तो हटाने पर लगे, मैं आंदोलन से उठी

जिलाध्यक्षों की सूची जारी वाले दिन सांसद सैलजा के स्पोर्ट की बात कहने पर संतोष बैनिवाल ने कहा, अब तो बदलाव, वो अलग ही चल रहे हैं और हटाने पर लग रहे हैं। तभी कार्यकारिणी तय होने नहीं दे रहे। इनकी स्पोर्ट नहीं थी तो ये हटा नहीं सकते। आंदोलन से उठी हुई हूं। बड़ी बात है कि सिरसा में हुड्‌डा-सैलजा गुट एक हो गया है।

पीछे 20 तारीख को पार्टी का प्रदर्शन रखा हुआ था, जिसमें ये नहीं आए तो स्थगित कर दिया। बाद में ये सब एक होकर प्रदर्शन किया था।

सैलजा के कार्यक्रम में नजर नहीं आती जिलाध्यक्ष

हालांकि, सिरसा में पिछले कुछ दिनों से अलग गुटबाजी चल रही है और कांग्रेस के तीनों विधायक और सभी नेता व वर्कर एक तरफ हो गए हैं। पार्टी कार्यक्रम में भी अलग रहते हैं। एक तरफ जिलाध्यक्ष प्रदर्शन करती है तो दूसरी ओर विधायक व वरिष्ठ नेता शामिल होते हैं। जिलाध्यक्ष संतोष भी इन दिनों सांसद कुमारी सैलजा के साथ नजर नहीं आती और इसी दिशा मीटिंग में वे गैरहाजिर रही थी।

मंच पर तीनों विधायक दिखे थे। वरना अक्सर उनके साथ नजर आती थी। इस पर जिलाध्यक्ष संतोष बैनिवाल ने कहा, मैं उस दिन कहीं ज्यादा बिजी थी, इसलिए नहीं पहुंच पाई।