• सहायता तो दूर, सीएम को लिखेंगे पत्र

एशियन गेम्स 2026 में हरियाणा के खिलाड़ियों की सरकार द्वारा अनदेखी पर इनेलो सुप्रीमो अभय सिंह चौटाला ने बीजेपी सरकार को घेरा और इनका एक बयान वायरल है। उन्होंने आरोप लगाया कि हरियाणा सरकार की ओर से कोई नुमाइंदा खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाने के लिए नहीं गया हुआ था और यहां बैठकर मुख्यमंत्री, मंत्री बड़े-बड़े भाषण देते हैं।

अभय सिंह चौटाला ने मीडिया को दिए बयान में कहा, मैं जापान गया हुआ था तो तब एशियन गेम्स हो रही थी। वहां खिलाड़ियों से मिला और पता किया कि हरियाणा प्रदेश से सरकार की ओर से कोई व्यक्ति आया है तो मुझे जानकारी मिली कि सरकार की ओर से एक भी कोई ऐसा नुमांइदा नहीं आया, जो खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाए।

21 गोल्ड मेडल में से 17 गोल्ड मेडल हमारे प्रदेश के हैं। उन 17 खिलाड़ियों को वहां जाकर हौसला देते या उनके साथ खड़े हो जाते तो लगता है कि वो मेडल 17 के बजाय और बड़ी संख्या में बदल जाते। जब उनसे मिला तो उस समय इस बात से खिलाड़ी बहुत मायूस थे। खिलाड़ियों ने बताया कि उनको सरकार की ओर से सहायता तो दूर की बात, हौसला बढ़ाने तो आना चाहिए था। यह बयान उन्होने दो दिन पहले राज्यपाल की मुलाकात के बाद मीडिया को दिया।

सभी खिलाड़ियों को एक मंच पर लाकर करेंगे सम्मानित : अभय

अभय चौटाला ने आगे बयान में कहा, यहां बैठकर भाषण तो बड़े-बड़े देंगे, लेकिन किस तरह से उन खिलाड़ियों को भी इग्नोर किया जाता है, अपने देश के लिए मेडल जीतकर लेकर आता है। इसके लिए इनेलो की ओर से हरियाणा के मुख्यमंत्री को चिट्‌ठी भी लिखूंगा और प्रदेश के खिलाड़ियों को अपनी पार्टी की ओर से एक कार्यक्रम बनाएंगे और उसमें उनको सम्मानित करेंगे।

अमन सहरावत के गोल्ड जीतने पर मिले थे अभय चौटाला, हॉकी में सविता-राजिंदर ने नाम किया

दरअसल, ये एशियन गेम्स 2026 जापान के आईची और नागोया में हुए हैं और 19 सितंबर से 4 अक्टूबर तक चले। इसमें देशभर से खिलाड़ी अलग-अलग खेलों में भाग लेने गए हुए थे। कुल 85 पदकों में से 32 मेडल खिलाड़ियों ने हरियाणा के नाम किए हैं। खासकर हॉकी में महिला व पुरुष दोनों टीमों ने गोल्ड मेडल जीता हैं।

इसमें हरियाणा के सिरसा जिले से हॉकी प्लेयर सविता पूनिया और राजिंदर सिंह खेले, जिनका अहम योगदान रहा। इन खेल आयोजन के दौरान इनेलो सुप्रीमो अभय सिंह चौटाला भी जापान गए हुए थे और एशियन गेम्स आयोजक कमेटी से मिले। वहां पर रहते हुए खेलों का आनंद लिया। उस समय अमन सहरावत ने कुश्ती में गोल्ड मेडल जीता था, जिनसे मैच जीतने के बाद अभय चौटाला स्वयं मिले थे और बाकी खिलाड़ियों का भी हौसला बढ़ाया था।