• बोले-बगैर सहमति कैसे हुआ, CM को रद्द करने की पावर
  • कुरुक्षेत्र में बिजली-पानी पर हाहाकार

हरियाणा में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल से पैदा हुए बिजली और पानी के संकट पर थानेसर के विधायक अशोक अरोड़ा ने भाजपा सरकार को घेरा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बिजली और पानी जैसी जरूरी सेवाएं ठप हो गई। लोगों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है। यह पूरी तरह सरकार की विफलता है।

कर्मचारियों ने हड़ताल से पहले अल्टीमेटम दिया था, इसके बावजूद सरकार ने न तो उनसे बातचीत की और न ही कोई वैकल्पिक व्यवस्था बनाई। अशोक अरोड़ा ने ये बातें शुक्रवार को अपने पेट्रोल पंप के कार्यालय में कहीं। उन्होंने कहा कि आज बिजली के बिना कोई काम नहीं हो सकता। बिजली सप्लाई प्रभावित होने से पानी की व्यवस्था भी बिगड़ गई है।

हड़ताल के पहले नोटिस दिया, फिर भी व्यवस्था नहीं बनाई

विधायक ने कहा कि जब कर्मचारियों ने पहले ही हड़ताल का नोटिस दे दिया था तो सरकार को समय रहते उनसे बात करनी चाहिए थी, लेकिन सरकार ने ऐसा नहीं किया। अब आम लोगों को इसका खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों से तुरंत बातचीत की जाए और बिजली-पानी की सप्लाई बहाल करने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं।

सरकार अगर साथ तो रद्द करे फैसला

अरोड़ा ने कहा कि सरकार की ओर से बयान दिए जा रहे हैं कि वह कर्मचारियों के साथ है। अगर सरकार वास्तव में कर्मचारियों के साथ है तो हरियाणा इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन (HERC) के फैसले को रद्द करे। सीएम के पास इस फैसले को रद्द करने की पावर है।

कंपनियों को बिजली वितरण के फैसले पर उठाए सवाल

अशोक अरोड़ा ने बिजली वितरण में प्राइवेट कंपनियों की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि HERC की नियुक्ति सरकार की ओर से की जाती है। ऐसे में इतना बड़ा फैसला कि 2 जिलों में बिजली वितरण का काम प्राइवेट कंपनियों को दे दिया जाए, सरकार की सहमति के बिना हुआ हो, ऐसा उन्हें नहीं लगता।

प्रशासन के पास भी लोगों को राहत देने का ठोस इंतजाम नहीं

विधायक ने कहा कि लोग अपनी परेशानी लेकर कहां जाएं। डीसी से बात करने पर तैयारी करने और कार्रवाई की बात कही जा रही है। पानी की कमी होने पर टैंकर भेजने की बात कही जाती है, लेकिन लोगों की परेशानी दूर नहीं हो रही। प्रदेश में ऐसी स्थिति बन गई है कि लोगों को समझ नहीं आ रहा कि वे अपनी समस्या किसके सामने रखें।

आज सरकार को बीजेपी को मजबूत करने की चिंता है और प्रभारी मंत्रियों के साथ बैठकें की जा रही हैं। सरकार को उन लोगों के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभानी चाहिए, जिन्होंने उसे बनाया है। सरकार को पहले लोगों की समस्याएं दूर करने और बिजली-पानी जैसी जरूरी सेवाएं बहाल करने पर ध्यान देना चाहिए।

कुरुक्षेत्रवासी पानी के बिना भी परेशान

कहा कि कुरुक्षेत्र समेत पूरे हरियाणा में लोग पीने के पानी के लिए परेशान हैं। कई जगह पानी की टंकियां खाली हैं। कुछ जगह इंजन लगाकर पानी चढ़ाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन कनेक्शन ज्यादा होने के कारण पानी ऊपर तक नहीं पहुंच पा रहा। लोग बिजली-पानी के लिए जाम लगा रहे हैं।